
१ मार्च २०२६
ने.सं. ११४६ चिल्लाथ्व त्रयोदशी
शक संवत् १९४७ (विश्ववासु संवत्सर)
रोग पञ्चक (स्वास्थ्य समस्या)
अग्निवास आकाश/पाताल (अशुभ)
अयन: उत्तरायण
चन्द्रकला: ९५.३% प्रकाश (शुक्ल पक्ष (१५ कला - चन्द्रकला वृद्धि))
सूर्योदय: ६:३० AM, सूर्यास्त: ६:०५ PM
दिनमान: ११ घण्टा ३५ मिनेट (२८ घटी ५७ पला), रात्रिमान: १२ घण्टा २४ मिनेट (३१ घटी)
चन्द्रोदय: आइतबार बिहान १०:१५ AM, चन्द्रास्त: आइतबार राति ११:५४ PM
ग्रह स्थिति, D1/D9 वर्ग चक्र र षड्बल फल
विस्तृत तिथि, नक्षत्र, चौघडिया र होरा मुहूर्त
परम्परागत नेपाली चिना, ग्रह चक्र र महादशा
प्रत्यक्ष आकाशीय ग्रहहरूको राशि, अंश, नक्षत्र, अवस्था, कारक, मर्यादा (उच्च/नीच/वर्गोत्तम) र उदयास्त स्थिति
| ग्रह (Planet) | राशि (Sign) | अंश (Degree) | नक्षत्र (पाउ) - स्वामी | अवस्था (Awastha) | कारक (Karaka) | मर्यादा (Dignity) | स्थिति (Condition) |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
🌅लग्न | वृष(२) | २७° ३९' | मृगशीर्ष(२)-मङ्गल | बाल | -- | लग्न बिन्दु | मार्गी (D) |
☀️सूर्य | कुम्भ(११) | १६° २६' | शतभिषा(३)-राहु | युवा | PK(पुत्र) | शत्रुवर्गोत्तमदिग्बली | मार्गी (D) |
🌙चन्द्र | कर्कट(४) | १८° २९' | आश्लेषा(१)-बुध | कुमार | MK(मातृ) | स्वराशि | मार्गी (D)उदय |
♂️मङ्गल | कुम्भ(११) | ४° ४३' | धनिष्ठा(४)-मङ्गल | बाल | DK(दारक) | समदिग्बली | मार्गी (D)अस्त |
☿️बुध | कुम्भ(११) | २७° ३७' | पूर्वभाद्रपदा(३)-बृहस्पति | मृत | AmK(अमात्य) | सम | वक्री (R)अस्त |
♃बृहस्पति | मिथुन(३) | २१° १' | पुनर्वसु(१)-बृहस्पति | वृद्ध | BK(भ्रातृ) | शत्रु | वक्री (R)उदय |
♀️शुक्र | कुम्भ(११) | २९° १८' | पूर्वभाद्रपदा(३)-बृहस्पति | मृत | AK(आत्म) | मित्र | मार्गी (D)उदय |
🪐शनि🪷 | मीन(१२) | ७° ३१' | उत्तरभाद्रपदा(२)-शनि | वृद्ध | GK(ज्ञाति) | समपुष्कर | मार्गी (D)उदय |
☊राहु | कुम्भ(११) | १४° ४५' | शतभिषा(३)-राहु | युवा | -- | मित्रवर्गोत्तम | वक्री (R) |
☋केतु | सिंह(५) | १४° ४५' | पूर्वाफाल्गुनी(१)-शुक्र | युवा | -- | शत्रुवर्गोत्तम | वक्री (R) |
त्रयोदशी तिथिका स्वामी भगवान शिव हुन्। यस दिन प्रदोष व्रत पर्दछ, जसले भगवान शिवको विशेष कृपा र मानसिक शान्ति प्रदान गर्दछ।