
१५ अक्टोबर २०२४
ने.सं. ११४४ कौलाथ्व त्रयोदशी
शक संवत् १९४६ (क्रोधि संवत्सर)
अग्नि पञ्चक (आगलागी, दुर्घटना)
अग्निवास पृथ्वी (शुभ)
अयन: दक्षिणायन
चन्द्रकला: ९४.२% प्रकाश (शुक्ल पक्ष (१५ कला - चन्द्रकला वृद्धि))
सूर्योदय: ६:०४ AM, सूर्यास्त: ५:३६ PM
दिनमान: ११ घण्टा ३१ मिनेट (२८ घटी ४८ पला), रात्रिमान: १२ घण्टा २९ मिनेट (३१ घटी १३ पला)
चन्द्रोदय: मंगलबार बिहान १०:२८ AM, चन्द्रास्त: मंगलबार राति १०:४३ PM
ग्रह स्थिति, D1/D9 वर्ग चक्र र षड्बल फल
विस्तृत तिथि, नक्षत्र, चौघडिया र होरा मुहूर्त
परम्परागत नेपाली चिना, ग्रह चक्र र महादशा
प्रत्यक्ष आकाशीय ग्रहहरूको राशि, अंश, नक्षत्र, अवस्था, कारक, मर्यादा (उच्च/नीच/वर्गोत्तम) र उदयास्त स्थिति
| ग्रह (Planet) | राशि (Sign) | अंश (Degree) | नक्षत्र (पाउ) - स्वामी | अवस्था (Awastha) | कारक (Karaka) | मर्यादा (Dignity) | स्थिति (Condition) |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
🌅लग्न | धनु(९) | १५° २१' | पूर्वाषाढा(१)-शुक्र | युवा | -- | लग्न बिन्दु | मार्गी (D) |
☀️सूर्य | कन्या(६) | २८° ११' | चित्रा(२)-मङ्गल | बाल | AK(आत्म) | समवर्गोत्तमदिग्बली | मार्गी (D) |
🌙चन्द्र | कुम्भ(११) | २६° ५०' | पूर्वभाद्रपदा(३)-बृहस्पति | मृत | MK(मातृ) | सम | मार्गी (D)उदय |
♂️मङ्गल | मिथुन(३) | २७° ४२' | पुनर्वसु(३)-बृहस्पति | मृत | AmK(अमात्य) | शत्रुवर्गोत्तम | मार्गी (D)उदय |
☿️बुध | तुला(७) | ८° ६' | स्वाति(१)-राहु | कुमार | GK(ज्ञाति) | मित्र | मार्गी (D)अस्त |
♃बृहस्पति | वृष(२) | २७° ४' | मृगशीर्ष(२)-मङ्गल | बाल | BK(भ्रातृ) | शत्रु | वक्री (R)उदय |
♀️शुक्र🪷 | वृश्चिक(८) | २° ४२' | विशाखा(४)-बृहस्पति | मृत | DK(दारक) | समपुष्कर | मार्गी (D)उदय |
🪐शनि🪷 | कुम्भ(११) | १९° १८' | शतभिषा(४)-राहु | वृद्ध | PK(पुत्र) | मूलत्रिकोणपुष्कर | वक्री (R)उदय |
☊राहु | मीन(१२) | १२° २५' | उत्तरभाद्रपदा(३)-शनि | युवा | -- | सम | मार्गी (D) |
☋केतु | कन्या(६) | १२° २५' | हस्त(१)-चन्द्र | युवा | -- | सम | मार्गी (D) |
त्रयोदशी तिथिका स्वामी भगवान शिव हुन्। यस दिन प्रदोष व्रत पर्दछ, जसले भगवान शिवको विशेष कृपा र मानसिक शान्ति प्रदान गर्दछ।