
१० डिसेम्बर २०२७
ने.सं. ११४८ थिंलाथ्व द्वादशी
शक संवत् १९४९ (प्लवङ्ग संवत्सर)
| वार | बिहीवार |
ज्ञान र नयाँ कुरा सिक्न रुचि रहने। राम्रो सोच, धैर्य र असल कुराप्रतिको सम्मानले सही बाटो रोज्न सहयोग गर्ने। | |
| पक्ष | शुक्ल पक्ष |
शुक्ल पक्ष (बढ्दो चन्द्रमा) मा जन्म हुनाले, यसले बाह्य विकास, ऊर्जा वृद्धि, सकारात्मकता र प्रगतिको सङ्केत गर्दछ। | |
| तिथि | ![]() |
कुल अवधि: २३ घण्टा ३३ मिनेट द्वादशी तिथि बिहीबार साँझ ९:४९ PM देखि शुक्रबार साँझ ९:२३ PM सम्म तपाईंको जन्मको तिथिले तपाईंको भावनात्मक सम्बन्ध, साझेदारी र मानसिक अवस्थालाई मार्गनिर्देशन गर्दछ। | |
| नक्षत्र | अश्विनी(४ पाउ) |
कुल अवधि: २४ घण्टा २८ मिनेट अश्विनी नक्षत्र बिहीबार बिहान ११:५६ AM देखि शुक्रबार दिउँसो १२:२४ PM सम्म अश्विनी नक्षत्रका स्वामी केतु हुन् र यसका देवता अश्विनी कुमार हुन्। यस नक्षत्रमा जन्मिएका व्यक्तिहरू ऊर्जावान्, फुर्तिला, साहसी र बुद्धिमान् हुन्छन्। १ पाउ बिहान ११:५६ AM देखि साँझ ६:०३ PM सम्म (चू) २ पाउ बिहीबार साँझ ६:०३ PM देखि शुक्रबार राति १२:१० AM सम्म (चे) ३ पाउ राति १२:१० AM देखि बिहान ६:१७ AM सम्म (चो) ४ पाउ बिहान ६:१७ AM देखि दिउँसो १२:२४ PM सम्म (ला)हालको पाउ | |
| योग | परिघ |
कुल अवधि: २२ घण्टा २४ मिनेट परिघ योग शुक्रबार राति १२:०४ AM देखि शुक्रबार राति १०:२८ PM सम्म सूर्य र चन्द्रमाको संयुक्त देशान्तरबाट निकालिने यो योगले तपाईंको स्वास्थ्य, समृद्धि र आपसी सम्बन्धलाई प्रभाव पार्छ। | |
| करण | बालव |
कुल अवधि: ११ घण्टा ४१ मिनेट बालव करण शुक्रबार बिहान ९:४२ AM देखि शुक्रबार साँझ ९:२३ PM सम्म करणले तिथिको आधा भाग प्रतिनिधित्व गर्दछ, जसले तपाईंको कार्यक्षमता, कामप्रतिको दृष्टिकोण र व्यावसायिक झुकावलाई सङ्केत गर्छ। | |
| चन्द्र राशि | मेष |
कुल अवधि: ५४ घण्टा २८ मिनेट मेष राशि बिहीबार बिहान ४:५३ AM देखि शनिबार बिहान ११:२१ AM सम्म मेष राशिमा चन्द्रमा हुनाले, मङ्गल ग्रहले तपाईंलाई साहस, स्वतन्त्र स्वभाव र कार्यहरूमा अग्रसर हुने दृढ संकल्प प्रदान गर्दछ। | |
| ग्रह | राशि | अंश | नक्षत्र (पाउ) - स्वामी | अवस्था | कारक | मर्यादा | स्थिति |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
लग्न | कुम्भ | १८° ४३' ०९" | शतभिषा(४)- राहु | -- | -- | -- | -- |
सूर्य | वृश्चिक | २३° ४१' ४१" | ज्येष्ठा(३)- बुध | कुमार | भ्रातृकारक | मित्रदिग्बली | मार्गी |
चन्द्र | मेष | ९° ५६' ०२" | अश्विनी(३)- केतु | कुमार | ज्ञातिकारक | सम | मार्गीउदय |
मङ्गल | धनु | १६° ४७' ४०" | पूर्वाषाढा(२)- शुक्र | युवा | पुत्रकारक | मित्र | मार्गीउदय |
बुध | वृश्चिक | २२° ४६' ०७" | ज्येष्ठा(२)- बुध | कुमार | मातृकारक | सम | मार्गीअस्त |
बृहस्पति | कन्या | १° ३४' ३२" | उत्तराफाल्गुनी(२)- सूर्य | मृत | दारककारक | शत्रु | मार्गीउदय |
शुक्र | धनु | २४° ००' ४८" | पूर्वाषाढा(४)- शुक्र | मृत | अमात्यकारक | सम | मार्गीउदय |
शनि | मीन | २६° ५६' ४२" | रेवती(४)- बुध | बाल | आत्मकारक | समवर्गोत्तम | वक्रीउदय |
राहु🪷 | मकर | ९° ०६' ४९" | उत्तराषाढा(४)- सूर्य | वृद्ध | -- | मित्रपुष्कर | वक्री |
केतु🪷 | कर्कट | ९° ०६' ४९" | पुष्य(२)- शनि | वृद्ध | -- | शत्रुपुष्कर | वक्री |