
८ मार्च २०२६
ने.सं. ११४६ चिल्लागा पञ्चमी
शक संवत् १९४७ (विश्ववासु संवत्सर)
चोर पञ्चक (चोरी, ठगी)
अग्निवास पृथ्वी (शुभ)
अयन: उत्तरायण
चन्द्रकला: ७६.३% प्रकाश (कृष्ण पक्ष (१२ कला - चन्द्रकला क्षय))
सूर्योदय: ६:२२ AM, सूर्यास्त: ६:०९ PM
दिनमान: ११ घण्टा ४६ मिनेट (२९ घटी २६ पला), रात्रिमान: १२ घण्टा १३ मिनेट (३० घटी ३२ पला)
चन्द्रोदय: आइतबार साँझ ५:०२ PM, चन्द्रास्त: आइतबार राति ३:०१ AM
ग्रह स्थिति, D1/D9 वर्ग चक्र र षड्बल फल
विस्तृत तिथि, नक्षत्र, चौघडिया र होरा मुहूर्त
परम्परागत नेपाली चिना, ग्रह चक्र र महादशा
प्रत्यक्ष आकाशीय ग्रहहरूको राशि, अंश, नक्षत्र, अवस्था, कारक, मर्यादा (उच्च/नीच/वर्गोत्तम) र उदयास्त स्थिति
| ग्रह (Planet) | राशि (Sign) | अंश (Degree) | नक्षत्र (पाउ) - स्वामी | अवस्था (Awastha) | कारक (Karaka) | मर्यादा (Dignity) | स्थिति (Condition) |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
🌅लग्न | मिथुन(३) | ४° ७' | मृगशीर्ष(४)-मङ्गल | बाल | -- | लग्न बिन्दु | मार्गी (D) |
☀️सूर्य🪷 | कुम्भ(११) | २३° २७' | पूर्वभाद्रपदा(२)-बृहस्पति | वृद्ध | AK(आत्म) | शत्रुपुष्कर | मार्गी (D) |
🌙चन्द्र🪷 | तुला(७) | १९° ६' | स्वाति(४)-राहु | वृद्ध | MK(मातृ) | समपुष्कर | मार्गी (D)उदय |
♂️मङ्गल | कुम्भ(११) | १०° १४' | शतभिषा(२)-राहु | कुमार | PK(पुत्र) | सम | मार्गी (D)अस्त |
☿️बुध | कुम्भ(११) | २१° ५०' | पूर्वभाद्रपदा(१)-बृहस्पति | वृद्ध | AmK(अमात्य) | सम | वक्री (R)अस्त |
♃बृहस्पति | मिथुन(३) | २०° ५२' | पुनर्वसु(१)-बृहस्पति | वृद्ध | BK(भ्रातृ) | शत्रुदिग्बली | वक्री (R)उदय |
♀️शुक्र🪷 | मीन(१२) | ८° १' | उत्तरभाद्रपदा(२)-शनि | वृद्ध | DK(दारक) | उच्चपुष्कर | मार्गी (D)उदय |
🪐शनि🪷 | मीन(१२) | ८° २२' | उत्तरभाद्रपदा(२)-शनि | वृद्ध | GK(ज्ञाति) | समपुष्कर | मार्गी (D)अस्त |
☊राहु | कुम्भ(११) | १४° ४२' | शतभिषा(३)-राहु | युवा | -- | मित्रवर्गोत्तम | वक्री (R) |
☋केतु | सिंह(५) | १४° ४२' | पूर्वाफाल्गुनी(१)-शुक्र | युवा | -- | शत्रुवर्गोत्तम | वक्री (R) |
पञ्चमी तिथिका स्वामी नाग देवता हुन्। यो तिथि विद्या प्राप्ति (सरस्वती पूजा), कला, औषधि सेवन र सम्बन्ध सुधारका लागि निकै राम्रो मानिन्छ।